रसोई गैस की बढ़ती कीमतों को लेकर जेडीए सर्किल पर विरोध-प्रदर्शन

एक तरफ कोरोनाकाल में लगे लॉकडाउन के बाद लोगों के रोजगार छिन गए। प्राइवेट नौकरियों में लोगों का वेतन कटकर आधा रह गया, ऐसी परिस्थिति में लोगों को राहत देने के बजाय केन्द्र सरकार ने पेट्रोल-डीजल व रसोई गैस की कीमत में बढ़ोतरी कर दी।

रसोई गैस की बढ़ती कीमतों को लेकर जेडीए सर्किल पर विरोध-प्रदर्शन

जयपुर। राजस्थान कांग्रेस कमेटी के अभाव अभियोग प्रकोष्ठ की ओर से बढ़ती रसोई गैस की कीमतों के विरोध में शनिवार को जेडीए सर्किल पर प्रदर्शन किया। प्रकोष्ठ के संयोजक पंकज शर्मा ने बताया कि बढ़ती रसोई गैस की कीमतों के विरोध में जेडीए सर्किल पर साढ़े पांच फीट का डमी सिलेंडर रखकर केन्द्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई। प्रदर्शन में डमी सिलेंडर पर यूपीए सरकार (तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह) और मौजूदा एनडीए सरकार के समय रसोई गैस की कीमतें लिखी गई थी।

इसके अलावा पिछले कुछ महीने में जिस तरह रसोई गैस कीमतों में बढ़ोतरी की उसका भी जिक्र डमी सिलेंडर पर किया गया। संयोजक ने बताया कि 2014 में सत्ता में आने से पहले मोदी सरकार ने बड़े-बड़े वादे किए थे कि वे आएंगे तब रसोई गैस, डीजल-पेट्रोल की कीमत में कमी करेंगे, लेकिन इसके विपरीत कीमत दोगुनी हो गई।

पंकज शर्मा ने कहा कि मनमोहन सिंह के समय रसोई गैस के दाम 414 रुपए थे, लेकिन आज ये बढ़कर 823 रुपए प्रति सिलेंडर हो गए हैं। उन्होंने कहा कि एक तरफ कोरोनाकाल में लगे लॉकडाउन के बाद लोगों के रोजगार छिन गए। प्राइवेट नौकरियों में लोगों का वेतन कटकर आधा रह गए, ऐसी परिस्थिति में लोगों को राहत देने के बजाय केन्द्र सरकार ने पेट्रोल-डीजल व रसोई गैस की कीमत में बढ़ोतरी कर दी। इससे आम जनता का जीवन यापन करना मुश्किल हो गया।